तोता जी - तोता जी। .....
तोता जी - तोता जी। .....
जंगल के हो वक्ता जी,
पक्षियों के प्रवक्ता जी।
प्रकृति के हो पूत जी ,
पक्षियों के राजपूत जी।
तोता जी - तोता जी। ......
वाणी के वाचाल जी ,
हो सबके मन मोहिया जी।
मिमक्री के हो पुतले जी,
आमों के हो रसिया जी।
तोता जी - तोता जी। .....
मन मोहको का जाल है ,
यही इंसानियत खेल है।
तोता जी - तोता जी। .......
- आशुतोष सिंह
तोता जी - तोता जी। .....
जंगल के हो वक्ता जी,
पक्षियों के प्रवक्ता जी।
प्रकृति के हो पूत जी ,
पक्षियों के राजपूत जी।
तोता जी - तोता जी। ......
वाणी के वाचाल जी ,
हो सबके मन मोहिया जी।
मिमक्री के हो पुतले जी,
आमों के हो रसिया जी।
तोता जी - तोता जी। .....
मन मोहको का जाल है ,
यही इंसानियत खेल है।
तोता जी - तोता जी। .......
- आशुतोष सिंह

