उसका नाम है माँ।
चिंता में भी हो मस्ती करा दे,
उसका नाम है माँ।
जब हर कोई हमे गलत समझे,
उस वक़्त जो साथ निभाये वो है माँ।
चाहे हजार बहाने बना लो पर,
उन बहानो के बाद भी जो खाना खिलाए वो है माँ।
हर सुख - दुःख में जो साथ रहती हैं,
उस रिश्ते का नाम है माँ।
जब वक़्त थम जाये, दूर जाने का डर सताये,
इसी प्यारे रिश्ते का नाम है माँ। ❣️💕❣️
-तृप्ति सिंह (सिया)
